व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी का ‘परम सत्य’: यूनेस्को का नया ऐलान और लाल किले के नीचे छुपा खजाना!

दुनिया में ऑक्सफोर्ड, हार्वर्ड और एमआईटी जैसी यूनिवर्सिटीज पानी कम चाय हैं। असली ज्ञान तो हमारी अपनी ‘व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी’ में बंटता है, जहां बिना किसी थीसिस और रिसर्च के, सुबह की ‘गुड मॉर्निंग’ वाली चाय के साथ ब्रह्मांड का परम ज्ञान परोस दिया जाता है। हमारे फूफाजी और मौसाजी इस प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटी के डीन और प्रोफेसर हैं, जो हर सेकंड देश और दुनिया की तकदीर बदलने वाली ‘ब्रेकिंग न्यूज’ फॉरवर्ड करते रहते हैं। आइए, आज ‘काक-वाणी’ के इस विशेष अंक में इस यूनिवर्सिटी के कुछ ऐसे ही ‘सच्चे झूठ’ का फैक्ट चेक करते हैं, जिन्होंने विज्ञान और इतिहास को भी रोने पर मजबूर कर दिया है।

यूनेस्को का साप्ताहिक ‘बेस्ट’ पुरस्कार

व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी की सबसे प्रिय और विश्वसनीय संस्था है ‘यूनेस्को’। इस बेचारी वैश्विक संस्था को खुद नहीं पता कि वह भारत के लिए कितनी उदार है। हर दूसरे हफ्ते व्हाट्सएप पर एक चमचमाता मैसेज आता है कि “यूनेस्को ने भारतीय राष्ट्रगान को दुनिया का सर्वश्रेष्ठ राष्ट्रगान घोषित किया है।” कभी हमारे देश के नक्शे को बेस्ट घोषित कर दिया जाता है, तो कभी 2000 रुपये के नोट में लगी जीपीएस चिप को (जो अब इतिहास बन चुकी है)। सच तो यह है कि यूनेस्को के पास शायद इसके अलावा कोई काम ही नहीं बचा है! बेचारे यूनेस्को के अधिकारी आज भी ढूंढ रहे हैं कि उन्होंने ये सर्टिफिकेट आखिर कब और किसे बांटे थे?

नासा की लैब से सीधा ‘ओम्’ का नाद

दूसरा सबसे बड़ा चमत्कारी सच जो हर सोमवार को आपके पारिवारिक ग्रुप्स में तैरता हुआ आता है, वह है— “नासा ने सूर्य की आवाज रिकॉर्ड की है और उसमें से ‘ओम्’ की ध्वनि आ रही है।” इसके साथ नासा के वैज्ञानिकों की एक एडिटेड फोटो भी होती है, जिसमें वे हाथ जोड़कर बैठे दिखाई देते हैं। विज्ञान अपनी जगह रिसर्च करता रहता है, लेकिन हमारे व्हाट्सएप के खोजी पत्रकार नासा से भी दो कदम आगे हैं। वे तो यह भी सिद्ध कर चुके हैं कि अगर आप घर के कोने में कपूर जलाएंगे, तो ओजोन परत का छेद अपने आप भर जाएगा और ग्लोबल वार्मिंग खत्म हो जाएगी!

इलाज ऐसा कि डॉक्टर भी इस्तीफा दे दें

मेडिकल साइंस ने सालों की रिसर्च के बाद जो दवाइयां बनाई हैं, व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी उन्हें एक झटके में खारिज कर देती है। यहां कैंसर का इलाज गर्म पानी और नींबू से हो जाता है। दिल के दौरे का इलाज केवल अदरक चबाने से हो जाता है। इन दावों को पढ़कर एम्स और अपोलो के डॉक्टर भी अपनी डिग्रियां गंगा में बहाने की सोचने लगते हैं।

काक-वाणी की अंतिम सलाह

इस विश्वविद्यालय के ज्ञान की गंगा में बहने से पहले अपने विवेक का इस्तेमाल करें। अगर कोई खबर इस चेतावनी के साथ आए कि “इसे तुरंत 11 लोगों को शेयर करें, शाम तक खुशखबरी मिलेगी”, तो समझ जाएं कि खुशखबरी सिर्फ उस इंटरनेट कंपनी को मिलेगी जिसका डेटा आप फूंक रहे हैं। सतर्क रहें, सुरक्षित रहें और व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी के ज्ञानियों से उचित दूरी बनाए रखें!</p

कागा जी