टूटी घड़ी और उम्मीद की नई सुई
एक उदास शाम और ठहर गया वक्त रामू काका शहर के एक बेहद पुराने और तंग कोने में घड़ियों की मरम्मत का काम करते थे। उनके लिए घड़ियां सिर्फ समय बताने का जरिया नहीं थीं, बल्कि वे हर घड़ी की… Continue Reading
एक उदास शाम और ठहर गया वक्त रामू काका शहर के एक बेहद पुराने और तंग कोने में घड़ियों की मरम्मत का काम करते थे। उनके लिए घड़ियां सिर्फ समय बताने का जरिया नहीं थीं, बल्कि वे हर घड़ी की… Continue Reading
बहुत समय पहले की बात है, एक शांत और सुंदर गाँव में धर्मपाल नाम का एक वृद्ध रहता था। वह कोई अमीर व्यक्ति नहीं था, लेकिन अपने संतोषी और परोपकारी स्वभाव के कारण पूरे इलाके में उसका बहुत सम्मान था।… Continue Reading
रामपुर नाम के एक छोटे से शांत कस्बे में हरिबाबू की घड़ियों की एक पुरानी दुकान थी। वह कोई साधारण दुकानदार नहीं थे, बल्कि एक ऐसे कुशल कारीगर थे जो बंद पड़ी घड़ियों में दोबारा जान फूंक देते थे। कस्बे… Continue Reading
न्याय की कसौटी और बादशाह का क्रोध मुग़ल सल्तनत के शाही बागों को सींचने वाले वृद्ध माली रहमत का पूरा जीवन बादशाह अकबर की सेवा में ही बीता था। एक दिन, महल के खास दीवान की सफाई करते समय रहमत… Continue Reading
दिल्ली के आलीशान महल में आज अजीब सा सन्नाटा पसरा हुआ था। शहंशाह अकबर आज न तो किसी से बात कर रहे थे और न ही किसी फरियादी की फरियाद सुन रहे थे। उनकी आँखों में आँसू थे और दिल… Continue Reading
एक समृद्ध सेठ और उसका खालीपन बहुत समय पहले की बात है, सोनपुर नाम के एक समृद्ध गाँव में धर्मदत्त नाम का एक धनी व्यापारी रहता था। उसके पास धन, संपत्ति और मान-सम्मान की कोई कमी नहीं थी। लेकिन जैसे-जैसे… Continue Reading
मुग़ल सल्तनत में बीरबल की बुद्धिमानी और चतुराई के हजारों किस्से मशहूर थे। लेकिन आज दरबार में जो मामला आया था, उसने हर किसी के दिल को झकझोर कर रख दिया था। यह मामला किसी धन-दौलत की चोरी का नहीं,… Continue Reading
विश्वास और ममता का एक अनोखा बंधन बहुत समय पहले की बात है, एक शांत और सुंदर गांव में देवदत्त नाम का एक गरीब ब्राह्मण अपनी पत्नी शारदा और एक छोटे से नवजात बेटे के साथ रहता था। देवदत्त और… Continue Reading
शहंशाह का कड़ा फैसला और एक माँ की पुकार नियमित दरबार सजा हुआ था। सम्राट अकबर अपने आलीशान सिंहासन पर विराजमान थे और सभी दरबारी अपनी-अपनी जगह बैठे थे। तभी पहरेदार एक फटे-हाल युवक और उसकी रोती हुई बूढ़ी माँ… Continue Reading
एक पिता का आखिरी सबक बहुत समय पहले की बात है, एक छोटे से सुंदर गाँव में देवदत्त नाम का एक वृद्ध रहता था। वह अपने जीवन के अंतिम पड़ाव पर था। उसका एक ही पुत्र था, माधव। माधव बहुत… Continue Reading