व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी के प्यारे छात्रों और प्रोफेसरों, आखिरकार वो शुभ घड़ी आ ही गई जिसका हमें बरसों से इंतजार था। हमारी अपनी प्रिय यूनिवर्सिटी ने अब सूचनाओं की प्रामाणिकता जांचने के लिए एक बेहद क्रांतिकारी ‘सत्यशोधक’ यानी फैक्ट-चेक विंग की शुरुआत की है। इस नए सिस्टम के तहत अब किसी भी खबर को सच साबित करने के लिए किसी बीबीसी या पीआईबी के ठप्पे की जरूरत नहीं है। अब सच का पैमाना पूरी तरह बदल चुका है।
सच का नया फॉर्मूला: ‘फॉरवर्डेड मैनी टाइम्स’
नए नियमों के अनुसार, यदि कोई मैसेज आपके पास तीन से अधिक ग्रुप्स में घूमता हुआ और ऊपर ‘फॉरवर्डेड मैनी टाइम्स’ के शानदार टैग के साथ पहुंचता है, तो उसे परम सत्य मान लिया जाएगा। हमारे व्हाट्सएप वैज्ञानिक और पारिवारिक ग्रुप के फूफा जी का मानना है कि जो बात इतनी बार फॉरवर्ड हो चुकी हो, वो झूठी कैसे हो सकती है? भला इतने सारे लोग एक साथ मूर्ख थोड़े ही हो सकते हैं! इस नए फैक्ट चेक का सीधा सिद्धांत है – ‘बहुमत ही सत्य है।’
नासा और यूनेस्को की नई ‘घोषणाएं’
इस नए फैक्ट-चेक के तहत यूनेस्को ने एक बार फिर भारत के राष्ट्रगान को दुनिया का सर्वश्रेष्ठ राष्ट्रगान घोषित किया है। इस बार तो नासा के वैज्ञानिकों ने भी पुष्टि की है कि दिवाली के दिन अंतरिक्ष से सिर्फ भारत ही जगमगाता हुआ दिखता है, बाकी पूरी दुनिया में बिल्कुल अंधेरा रहता है। अगर आप इस महान शोध पर जरा सा भी सवाल उठाएंगे, तो फैक्ट-चेक टीम यानी ग्रुप के एडमिन साहब आपको तुरंत ‘देशद्रोही’ घोषित कर ग्रुप से बाहर का रास्ता दिखा देंगे। यही इस यूनिवर्सिटी का असली और त्वरित न्याय है।
‘जैसा प्राप्त हुआ, वैसा भेजा’ वाला सुरक्षा कवच
यदि कोई खबर बाद में पूरी तरह से झूठी और हास्यास्पद साबित हो भी जाए, तो हमारे व्हाट्सएप प्रोफेसरों के पास सबसे अचूक सुरक्षा कवच मौजूद है। मैसेज के अंत में धीरे से लिख दीजिए – “जैसा प्राप्त हुआ, वैसा भेजा, सत्यता की पुष्टि आप स्वयं करें।” बस! इस एक जादुई लाइन को लिखते ही आप पर से कानून, तर्क और नैतिकता के सारे नियम खत्म हो जाते हैं। आप ज्ञान बांटने का पुण्य भी कमा लेते हैं और किसी भी तरह की जिम्मेदारी से भी बच जाते हैं।
निष्कर्ष: तर्क मत करो, बस फॉरवर्ड करो
तो देर किस बात की? अपने तर्क, विवेक और सामान्य ज्ञान को अलमारी में बंद करके ताला लगा दीजिए। अपनी उंगलियों को थोड़ा कष्ट दीजिए और बिना पढ़े, बिना सोचे हर उस मैसेज को फॉरवर्ड कीजिए जो आपके दिल को अच्छा लगता हो। याद रखिए, व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी में वही सबसे बड़ा ज्ञानी है जिसके पास सबसे तेज इंटरनेट, सबसे ज्यादा ग्रुप्स और सोचने-समझने की सबसे कम क्षमता है।