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विश्वास जब पहली बार वो स्कूल में आई, सब कुछ

Title: विश्वास

जब पहली बार वो स्कूल में आई, सब कुछ उसके लिए अज्ञात था। कुछ बच्चे उसे पीछे से देखते थे तो कुछ उसे सीधे अपने सामने ले आते थे। थोड़ी देर बाद उसे एक छोटी सी लड़की मिली जो उसकी मदद करने लगी। वह उसे स्कूल के नियमों के बारे में बताती थी।

उस छोटी सी लड़की का नाम रिया था। लेकिन बच्चों में विश्वास को लेकर वे अभी तक काफी आसक्त थी। जब भी उसे कोई नई चीज या नया स्थान देखने का मौका मिलता तो उससे पहले रिया के पास जाती थी, क्योंकि उसे उसका भरोसा था। गर्मियों में कभी उसे पानी की बोतल नहीं भी लेना आता था। लेकिन जब रिया उसे पानी की बोतल देती थी तो उसे लगता था कि उस पानी के साथ रिया का भरोसा भी मिलता है।

साल बीत गया और वो एक और छोटी सी लड़की बन गई। वह अब अधिक उच्चतम कक्षा में थी लेकिन रिया उसकी मदद अभी भी करती थी। एक दिन वो स्कूल में देर से आई और उसे डाक्टर की जाँच के लिए भेज दिया गया। सब कुछ नॉर्मल लग रहा था लेकिन फिर डाक्टर ने कुछ बताया जो हर किसी को नहीं बता सकती थी। उन्होंने बताया कि वह बालिका कैंसर की समस्या से जूझ रही है। जब उसे अस्पताल में भेजा गया, तो उसकी ज़िन्दगी का अंत सोचने से भी डर लगने लगा।

इस बीच और छोटे बच्चे उसकी सकारात्मक शक्तियों को मेहसूस करते थे। वे रोज उसे अस्पताल जाकर उसे देखते थे। उनमें विश्वास था कि रिया उन्हें उनकी दोस्त बनाए रखेगी और वह ठीक हो जाएगी।

दो महीने बाद, उसे अस्पताल से छूट मिला। उसे घर ले जाने वाली कार यात्रा भी बच्चों के लिए सबसे यादगार सफरों में शामिल हो गयी। यह शाम अत्यंत महत्वपूर्ण थी क्योंकि उस दिन विश्वास का अहसास हुआ कि वो साथ साथ होकर हर कठिनाई से निपट सकते हैं। उनका संयोग उन्हें इस मुश्किल से गुज़रने की ताकत दे रहा था।

वह बालिका वापस स्कूल गई और रिया उसके समर्थन में खड़ी थी। जब किसी ने उसे उनकी समस्या के बारे में चेतावनी दी, तो रिया ने उन्हें बताया कि यदि उसमें विश्वास है तो वो कुछ भी पास कर सकती है। उस दिन से वह बालिका अपने आपको एक नए आदमी के रूप में देखने लगी। अब वह उस लड़की की जान थी जो उसे इस संसार में सबसे ज़्यादा विश्वास देती थी। उसकी जानकारी के बाद सब कुछ ज़िन्दगी में संभव होने लगा और उसके साथ रिया ने न तो कभी धोखा दिया और न ही कभी किसी का विश्वास तोड़ा।

अब उन दोनों के बीच बहुत कुछ बदल गया है। लेकिन उनकी दोस्ती बिना किसी अंतिम छटा बचा कर बरकरार है। ऐसी बहुत दोस्तीयाँ होती हैं, जो वफादारी और विश्वास के आधार पर अपने अंत तक जारी रहती हैं।

कागा जी

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